<no title>

नई दिल्ली. बुधवार को सेना प्रमुख बिपिन रावत (Army Chief Bipin Rawat) ने कहा कि नियंत्रण रेखा (Line of Control) पर स्थिति किसी भी समय खराब हो सकती है. रावत ने कहा कि देश को हर कार्रवाई के लिए तैयार रहना होगा. उनका बयान ऐसे समय में आया है जब अगस्त में अनुच्छेद 370 (Article 370) के प्रावधानों को खत्म करने के बाद से पाकिस्तान (Pakistan) जम्मू-कश्मीर (Jammu Kashmir) में नियंत्रण रेखा (Line of Control) पर लगातार युद्धविराम का उल्लंघन कर रहा है.


केंद्रीय गृह राज्य मंत्री जी किशन रेड्डी (G Kishan Reddy) ने पिछले महीने लोकसभा में कहा था कि “अगस्त 2019 से अक्टूबर 2019 के बीच जम्मू-कश्मीर में नियंत्रण रेखा से लगी सीमा पर संघर्ष विराम उल्लंघन की 950 घटनाएं हुई हैं.”



बता दें जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में नियंत्रण रेखा (एलओसी) के पास सोमवार को भारतीय सेना और संदिग्ध घुसपैठियों के बीच भीषण गोलीबारी में भारतीय सेना के दो जवान शहीद हो गए. अधिकारियों ने बताया कि पाकिस्तानी सेना भारतीय चौकियों पर भारी गोलाबारी करके संदिग्धों की घुसपैठ में सहायता कर रही है.


सेना प्रमुख बताया कि सेना के जवानों को सुंदरबनी सेक्टर में केरी बटाल क्षेत्र में नियंत्रण रेखा के पास ''संदिग्ध गतिविधियों'' की जानकारी मिली. उन्होंने बताया कि एक जोरदार धमाके की आवाज सुनाई दी, जिसके बाद पाकिस्तान की ओर से भारी गोलीबारी की गई, जिसपर भारतीय सैनिकों ने तुरंत जवाबी कार्रवाई की.एक रक्षा प्रवक्ता ने बताया कि अंतिम सूचना मिलने तक गोलीबारी जारी थी. पाकिस्तान सेना ने संघर्ष विराम का उल्लंघन कर पुंछ जिले के कृष्णाघाटी सेक्टर में नियंत्रण रेखा के पास मोर्टार के साथ छोटे हथियारों से गोलाबारी की. भारतीय सेना के जवानों ने गोलीबारी का प्रभावी ढंग से जवाब दिया.


टिप्पणियाँ
Popular posts
परमपिता परमेश्वर उन्हें अपने चरणों में स्थान दें, उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें व समस्त परिजनों व समाज को इस दुख की घड़ी में उनका वियोग सहने की शक्ति प्रदान करें-व्यापारी सुरक्षा फोरम
चित्र
अखिल भारतीय कायस्थ महासभा की आपातकाल बैठक में वर्किंग कमेटी की गई भंग सर्वसम्मति से नए अध्यक्ष चुने गए डॉक्टर अनूप श्रीवास्तव
चित्र
राज्यपाल अनंदीबेन पटेल से से प्रशिक्षु IAS अफ़सरों नज की मुलाक़ात !!
चित्र
भारत की स्वतंत्रता प्राप्ति में भी ब्राह्मणों के बलिदान का एक पृथक वर्चस्व रहा है।
चित्र
गोवंश का संरक्षण एवं संवर्द्धन राज्य सरकार की प्राथमिकता - धर्मपाल सिंह
चित्र