अब मिलिट्री स्कूल-कॉलेजों में भी लड़कियों के प्रवेश की मंजूरी

 


नई दिल्ली: एनडीए के बाद अब मिलिट्री के स्कूल और कॉलेजों में भी लड़कियों को दाखिला मिल सकेगा. अब तक इन स्कूल कॉलेजों में सिर्फ छात्रों को प्रवेश मिलता था, लेकिन अब नए फैसले के बाद सूरत बदल जाएगी. दरअसल केंद्र सरकार की योजना पर सुप्रीम कोर्ट ने मंजूरी दे दी है, ऐसे में ये फैसला लड़कियों के बेहतर भविष्य के हिसाब से एक मील का पत्थर साबित हो सकता है.

सुप्रीम कोर्ट ने सरकार को कहा कि अगले साल जून से लड़कियों को एंट्रेंस एग्जाम में बैठने की इजाजत देने के बजाय इसी साल से शुरुआत करनी चाहिए. यह चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा. केंद्र सरकार की तरफ से हलफनामे में ये भी कहा गया है कि लड़कियों को अगले साल होने वाली अखिल भारतीय प्रवेश परीक्षा में बैठने की अनुमति दी जाएगी. सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेश आरआईएमसी के लिए द्वि-वार्षिक औसतन 25 सीटों के लिए कंप्टीशन करते हैं.

 


सरकार ने बताया कि पहले चरण में हर छह महीने में पांच लड़कियों को शामिल कर स्टूडेंट्स की क्षमता 250 से बढ़ाकर 300 कर दी जाएगी. इसके बाद दूसरे चरण 2 में हर छह महीने में 10 लड़कियों को शामिल किया जाएगा. जिससे स्टूडें की क्षमता 300 से बढ़ाकर 350 कर दी जाएगी.

ये चरणबद्ध तरीके से तय योजना के आधार पर होगा. सरकार की तरफ से हलफनामे में जानकारी दी गई है कि विस्तार के अंत में आरआईएमसी में 250 लड़के और 100 लड़कियां शामिल होंगी. शीर्ष अदालत ने राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कॉलेज में भी महिलाओं को इसी साल दिसंबर से दाखिला इम्तिहान में शामिल होने की इजाजत देने को कहा है.

बता दें कि इससे पहले अब तक मिलिट्री स्कूल लड़कों के शैक्षणिक संस्थान रहे हैं. हलफनामे में सरकार ने कहा कि लड़कियों को शामिल करने के लिए आरआईएमसी में अन्य संबद्ध बुनियादी ढांचे और प्रशासनिक मदद के साथ अतिरिक्त रिक्तियों को अधिकृत करने की जरूरत है.

टिप्पणियाँ
Popular posts
परमपिता परमेश्वर उन्हें अपने चरणों में स्थान दें, उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें व समस्त परिजनों व समाज को इस दुख की घड़ी में उनका वियोग सहने की शक्ति प्रदान करें-व्यापारी सुरक्षा फोरम
चित्र
भारत की स्वतंत्रता प्राप्ति में भी ब्राह्मणों के बलिदान का एक पृथक वर्चस्व रहा है।
चित्र
पीपल, बरगद, पाकड़, गूलर और आम ये पांच तरह के पेड़ धार्मिक रूप से बेहद महत्व
चित्र
संसद का शीतकालीन सत्र नहीं होगा, सरकार ने जनवरी में बजट सत्र बुलाने का सुझाव दिया
चित्र
मोदी खुद शहंशाह, मेरे भाई को शहजादा बोलते हैं: गुजरात में प्रियंका गांधी ने प्रधानमंत्री पर किया पलटवार
चित्र